कोरबा : लैंगी में मां और मासूम बच्ची के साथ जली अवस्था में मिली लाश के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट से यह स्पष्ट हो गया है कि हत्या करने के बाद दोनों नहीं जले थे,बल्कि उस वक्त उनकी सांसे चल रही थी। इसके साथ ही अब जिंदा या घायल अवस्था में मिट्टी तेल छिडक़कर आग के हवाले कर दिए जाने की आशंका प्रबल हो गई है। पुलिस ने दाह संस्कार के लिए उसके पति के सुपुर्द कर दिया।
उल्लेखनीय है कि गत 13 नवंबर की रात 9.30 बजे पसान थानांतर्गत आने वाले ग्राम लैंगी में रहने वाली सजन सिंह गोंड़ की दूसरी पत्नी पुष्पा बाई 22 वर्ष व एक साल की पुत्री छाया की लाश घर में जली हुई अवस्था में मिली थी। पुलिस को प्रारंभिक तौर पर यह अंदेशा था कि हत्या करने के बाद शव को जलाया गया। गुरुवार को शव का पोस्टमार्टम पोड़ी के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में दो चिकित्सकों ने संयुक्त रूप से किया। शॉर्ट पीएम रिपोर्ट में चिकित्सकों ने स्पष्ट कर दिया कि पुष्पा व छाया जिस वक्त जलीए उस वक्त उनकी सांसे चल रही थी। जलने की वजह से दोनों की मौत हुई है। परिस्थितिजन्य साक्ष्य की वजह से पुलिस इसे प्रारंभ से ही हत्या का मामला मान रही। सजन की पहली पत्नी लीलावती के साथ अक्सर पुष्पा का विवाद हुआ करता था। घटना के दिन भी विवाद होने के बाद लीलावती घर छोडक़र चली गई थी। सजन सिंह किसी तरह मना कर उसे वापस घर लाया था, उसके बाद यह घटना हुई। सजन सिंह ने पुलिस को बताया कि लीलावती के आने के बाद पुष्पा घर छोडक़र चली गई थी। मैं उसे ढूंढने निकलाए कहीं नहीं मिली तो वापस लौटा तो घर में जली हुई अवस्था में पुष्पा और छाया की लाश मिली। लीलावती भी कहीं चली गई थी। पुलिस के संदेह के दायरे में सजन और लीलावती दोनों हैं। गुरुवार को पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए सजन सिंह के सुपुर्द कर दिया गया। पसान पुलिस का कहना है कि अंतिम संस्कार की प्रक्रिया के बाद इस मामले में संदेहियों से पूछताछ की जाएगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here