सरकारी उपक्रमों के अस्पतालों को सुपर स्पेशिलिटी के रूप में विकसित करने होगी पहल : ज्योत्सना महंत

कोरबा : पिछली सरकर 15 वर्षों में जो न कर सकी, उसे छत्तीसगढ़ में कांग्रेस ने अपनी सरकार बनने के साथ ही शुरू कर दिया। आज छत्तीसगढ़ का किसान कर्जमुक्त है और लोगों को बिजली बिल हाफ होने से भी राहत मिली है।
श्रीमती महंत ने कहा कि जनता उन पर विश्वास जताती है तो वे लोकसभा क्षेत्र की दशा को बदलने के लिए भरपूर प्रयास व कार्य करेंगी। सड़कों की हालत सुधारने के साथ नई सड़कों के निर्माण की योजना उन्होंने तैयार कर ली है ताकि बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सके। भू-विस्थापितों को उचित मुआवजा, रोजगार, पुनर्वास का लाभ दिलाते हुए उनके क्षेत्रों में व्याप्त समस्याओं का निराकरण के लिए प्रभावी काम करने की बात कहते हुए कहा कि किसानों के लिए उचित सिंचाई व्यवस्था, कृषि हेतु उन्नत तकनीकों का लाभ देते हुए कृषक सहित गरीब, मजदूर वर्ग का सामाजिक व आर्थिक विकास के रास्ते खोले जाएंगे। श्रीमती महंत ने चर्चा में कहा कि डॉ. चरणदास महंत के अथक प्रयासों से ईएसआईसी हास्पिटल कोरबा में स्थापित हुआ है जहां असंगठित क्षेत्र के मजदूरों को मुफ्त ईलाज का लाभ मिलेगा। भारत सरकार के उपक्रमों में संचालित अस्पतालों को सुपर स्पेशिलिटी हास्पिटल के रूप में विकसित करने का प्रयास किया जाएगा। श्रीमती महंत ने कहा कि कोरबा शहर सहित अन्य उपनगरीय क्षेत्रों में केन्द्रीय विद्यालयों के साथ-साथ सार्वजनिक उपक्रमों के सहयोग से उच्च शैक्षणिक संस्थान व राष्ट्रीय स्तर के स्पोर्ट्स काम्पलेक्स खोले जाने की दिशा में प्रभावी पहल किए जाएंगे। उन्होंने उच्च शिक्षा संस्थान व मेडिकल के क्षेत्र में व्यापक पहल करने की बात कहते हुए कहा कि प्रदूषण व सड़क हादसों के प्रभावी रोकथाम के लिए भी कार्य होंगे। कोरबा में आईटी, माइनिंग कालेज जैसे उच्च शिक्षा संस्थान प्रारंभ कराना, ईएसआईसी हास्पिटल प्रारंभ कराना, बिजली, पानी, सड़क जैसी मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता पूर्ण रूप से सुनिश्चित कराई जाएगी।

दर्जनभर आईडी कार्ड से मतदाता कर सकते है मतदान

रायपुर: भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देश के अनुसार कोई भी मतदाता जिसका नाम मतदाता सूची में है वो अपना मताधिकार का प्रयोग एक दर्जन भर आईडी कार्ड को दिखाकर कर सकता है जो इस प्रकार है:
मतदान पहचान पत्र, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, सर्विस पहचान पत्र, पासबुक, पैन कार्ड, स्मार्ट कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, पेंशन दस्तावेज फोटो कॉपी, सरकारी पहचान पत्र एवं आधार कार्ड। इन आईडी के आधार पर मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकता है। छत्तीसगढ़ में तीसरे चरण में कल 23 अप्रैल को 7 लोकसभा क्षेत्रों में मतदान होना है, जिसमें करीब 1.27 करोड़ से अधिक मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। कोई भी मतदाता आईडी कार्ड के कारण मतदान करने से वंचित न हो इसे ध्यान में रखते हुए भारत निर्वाचन आयोग ने दर्जनभर आईडी से मतदान करने हेतु निर्णय लेते हुए दिशा-निर्देश जारी किए है।

कुए में डूबने से दो सगी बहनों की मौत

जशपुर: जिले के पत्थलगांव से एक दुखद खबर प्रकाश में आ रही है जहां एक ही परिवार की दो सगी बहनों की एक साथ मौत हो गयी है। मौत की वजह एक नवनिर्मित कुएं को बताया जा रहा है । घटना पत्थलगांव से महज 5 किमी दूर मारातराई गाँव की बताई जा रही है जहां सोमबार की सुबह करीब 10 बजे 10-12वर्षीय हेमंती और देवन्ति खेलते खेलते जेसीबी से खोदे गए एक नौ फीट गढ्डे के नीचे गए गड्ढे में भरपूर पानी होने के चलते दोनो की सांस पानी के अंदर ही थम गई थी । हांलाकि थोड़ी ही देर में गड्ढे के पास गाँव वाले भी पहुंच गए और जैसे तैसे दोनों बहनों को गड्ढे से बाहर निकाला और उन्हें सामुदायिक अस्पताल पत्थलगांव लाये जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

रायपुर लोकसभा सीट : प्रमोद दुबे-सुनील सोनी का भाग्य तय करेंगे 21 लाख 11 हजार 104 मतदाता

रायपुर: लोकसभा चुनाव-2019 के अंतर्गत राज्य में कल तीसरे चरण के तहत सात लोकसभा सीटों के लिए मतदान कराया जाएगा। रायपुर लोकसभा सीट में इस समय कांटे की टक्कर बनी हुई है। कांग्रेस की ओर से जहां महापौर प्रमोद दुबे चुनाव मैदान में डटे हैं तो वहीं उनके खिलाफ भाजपा ने पूर्व महापौर सुनील सोनी को चुनाव मैदान में उतारा है। रायपुर लोकसभा सीट में मुख्य मुकाबला कांग्रेस और भाजपा के मध्य ही होना है। यहां दोनों प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला 21 लाख 11 हजार 104 मतदाता करेंगे। इनके खिलाफ 2343 मतदान केन्द्र बनाया गया है, जहां चाक-चौबंद सुरक्षा व्यवस्था की गई है।
राज्य में कल तीसरे चरण के तहत शेष सात लोकसभा सीटों क्रमश: रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, जांजगीर-चांपा, कोरबा, रायगढ़ और सरगुजा में मतदान होना है। मतदान के लिए सारी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। संवेदनशील और अतिसंवेदनशील इलाकों में तथा मतदान केन्द्रों में सुरक्षा के अतिरिक्त उपाए किए गए हैं। राज्य की इन सातों लोकसभा सीटों के लिए कुल 01 करोड़ 27 लाख 13 हजार 816 मतदाता अपने मताधिकार का उपयोग करेंगे। बात रायपुर लोकसभा सीट की करें तो यहां मुख्य मुकाबला कांग्रेस के प्रमोद दुबे और भाजपा के सुनील सोनी के मध्य ही होना है। वर्तमान स्थिति में दोनों ही दलों ने चुनाव में जीत हासिल करने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगा दिया है। इस समय यह कहना भी मुश्किल हो गया है कि चुनाव में आमजनता का रूझान किस दल अथवा किस प्रत्याशी की ओर होगा। रायपुर लोकसभा सीट में कांग्रेस और भाजपा प्रत्याशियों के बीच मचे घमासान के बीच क्षेत्र के 21 लाख 11 हजार 104 मतदाता निर्णायक होंगे। रायपुर लोकसभा सीट के लिए कुल 2343 मतदान केन्द्र बनाया गया है तथा यहां सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किया गया है।

केन्द्र में कांग्रेस सरकार बनी तो राज्य के विकास का मार्ग होगा प्रशस्त : शैलेश नितिन त्रिवेदी

रायपुर: पीसीसी महामंत्री एवं संचार विभाग के अध्यक्ष शैलेश नितिन त्रिवेदी ने कहा राज्य की कांग्रेस सरकार गांव, गरीब, किसान, मजदूर वर्ग के हित में काम करने के लिए प्रतिबद्ध है। केन्द्र में नई सरकार बनाने के लिए हो रहे चुनाव से प्रदेश का भाग्य भी बदलने वाला है। क्योंकि राज्य की कांग्रेस द्वारा सरकार शुरू की गई योजनाओं व कार्यक्रमों का भविष्य भी केन्द्र सरकार की नीतियों पर निर्भर रहेगा। श्री त्रिवेदी ने कहा कि केन्द्र में कांग्रेस सरकार बनने पर श्री बघेल की सरकार को काम करने के लिए और ताकत मिलेगा। छत्तीसगढ़ की नवगठित कांग्रेस सरकार ने पिछले तीन महीनों में लिए गए अपने निर्णयों से यह स्पष्ट कर दिया है कि राज्य की कांग्रेस सरकार गांव, गरबों, मजदूरों और किसानों के हित में काम करने के लिए तत्पर है। राज्य सरकार इनके साथ ही साथ उद्योगपतियों और कारोबारियों की हितार्थ और राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिये काम कर रही है। उन्होंने कहा कि केन्द्र की मोदी सरकार का रवैया छत्तीसगढ़ के प्रति सौतेला रहा है और इसीलिए आवश्यक है कि केंद्र में भी सत्ता परिवर्तन हो और कांग्रेस की सरकार आए, जिससे मनरेगा से लेकर राज्य को चावल आवंटन तक और न्याय योजना लागू होने से लेकर कोल ब्लॉकों के राजस्व तक हर मामले में छत्तीसगढ़ की जनता के साथ अन्याय न हो। श्री त्रिवेदी ने कहा कि यदि गलती से भी मोदी सरकार लौटकर आई तो छत्तीसगढ़ के निवासियों की खुशियों और सपनों पर कुठाराघात होगा। उन्होंने कहा कि सर्वाधिक दुर्भाग्यपूर्ण यह है कि राज्य में भारतीय जनता पार्टी की सरकार होने के बावजूद केंद्र की भारतीय जनता पार्टी की सरकार राज्य के साथ भेदभाव करती रही। भाजपा की रमन सिंह सरकार में छत्तीसगढ़ में गरीबी और गरीब बढ़ते रहे और मोदी सरकार लगातार गरीब विरोधी फैसले लेती रही। केन्द्र में कांग्रेस की सरकार बनने से छत्तीसगढ़ के विकास का मार्ग निश्चित रूप से प्रशस्त होगा।

उच्च शिक्षण संस्थान में बेहतर स्वास्थ्य सुविधा के लिए होगा काम

कोरबा : कोरबा लोकसभा कांग्रेस प्रत्याशी श्रीमती ज्योत्सना चरणदास महंत ने लोकसभा क्षेत्र में विकास कार्यों को गति देने के साथ ही वर्षों से लंबित और ठहरी हुई योजनाओं को पूरा करने का संकल्प दोहराया है। उन्होंने कहा है कि लोकसभा क्षेत्र की तस्वीर और यहां के लोगों की तकदीर बदलने के लिए भरपूर प्रयास करेंगी। कोरबा जिले में संचालित खदानों के भू-विस्थापितों को उचित मुआवजा, रोजगार, पुनर्वास का लाभ दिलाते हुए उनके क्षेत्रों में व्याप्त समस्याओं का निराकरण के लिए प्रभावी काम करने की बात कहते हुए कहा कि सिंचाई व्यवस्था, कृषि व कृषक सहित हर वर्ग का सामाजिक व आर्थिक विकास के लिए कार्य होंगे। श्रीमती महंत ने कहा कि पूर्व सांसद डॉ. चरणदास महंत के अथक प्रयासों से स्थापित ईएसआईसी हास्पिटल में असंगठित क्षेत्र के मजदूरों को मुफ्त ईलाज का लाभ जल्द दिलाने पहल करेंगी। उन्होंने कहा कि भारत सरकार के उपक्रमों में संचालित अस्पतालों को सुपर स्पेशिलिटी हास्पिटल के रूप में विकसित करने का प्रयास किया जाएगा। उच्च शिक्षा संस्थान व मेडिकल के क्षेत्र में व्यापक पहल करने की बात कहते हुए कहा कि प्रदूषण व सडक़ हादसों के प्रभावी रोकथाम के लिए भी कार्य होंगे। कोरबा में आईटी, माइनिंग कालेज जैसे उच्च शिक्षा संस्थान प्रारंभ कराना, ईएसआईसी हास्पिटल प्रारंभ कराना, बिजली, पानी, सडक़ जैसी मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता पूर्ण रूप से सुनिश्चित कराई जाएगी। श्रीमती महंत ने कहा कि कोरबा शहर सहित अन्य उपनगरीय क्षेत्रों में केन्द्रीय विद्यालयों के साथ-साथ सार्वजनिक उपक्रमों के सहयोग से उच्च शैक्षणिक संस्थान व राष्ट्रीय स्तर के स्पोर्ट्स काम्पलेक्स खोले जाने की दिशा में प्रभावी कार्य किए जाएंगे।

नए भारत का निर्माण के लिए भाजपा को वोट दें : ज्योतिनंद

कोरबा : भारतीय जनता पार्टी से कोरबा लोकसभा क्षेत्र के प्रत्याशी ज्योतिनंद दुबे ने कहा है कि नए भारत का निर्माण के लिए भाजपा को अपना वोट दें। श्री दुबे के पक्ष में मतदान की अपील करने विभिन्न शक्ति केन्द्र के संयोजक, सहसंयोजक, पार्षद, एल्डरमैन व कार्यकर्तओं द्वारा घर-घर भ्रमण किया गया। मोदी सरकार की पांच साल की उपलब्धियों और आगामी घोषणा पत्र के बारे में लोगों को बताया गया। प्रचार-प्रसार की कड़ी में प्रत्याशी ज्योतिनंद दुबे ने आज रामपुर के विभिन्न क्षेत्रों का दौरा किया। ग्राम फरसवानी में स्वागत एवं जनसंपर्क कार्यक्रम में रामपुर विधायक ननकीराम कंवर, संतोष देवांगन, विनोद साहू, मंडल अध्यक्ष बरपाली पीयूष गुरुद्वान, प्रवीण उपाध्याय, किशन अग्रवाल, विजय पांडेय, नरेंद्र बिंझवार, युवा मोर्चा मण्डल अध्यक्ष झामलाल साहू, जनपद सदस्य संतोष राठौर, निमेश राठौर, आयोध्या राठौर, रामनारायण सोनी, शांति लाल, मातादीन जायसवाल, जितेंद्र राठौर, उमेश राठौर, विश्राम कंवर एवं कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित थे। दर्री मंडल के वार्ड क्रमांक 45 बूथ क्रमांक 13 और 16 स्याहीमुड़ी और रामनगर में कार्यकर्ताओं ने घर-घर संपर्क कर भाजपा प्रत्याशी को जिताने की अपील की।

चुनाव प्रचार का शोर थमा, घर-घर पहुंच रहे प्रत्याशी व समर्थक

रायपुर: लोकसभा की 7 सीटों के लिए छत्तीसगढ़ में तृतीय एवं अंतिम चरण में कल 23 अप्रैल को मतदान किया जाना है। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर चुनाव प्रचार का शोर रविवार शाम 5 बजे के बाद थम गया है। आज सुबह से ही भाजपा-कांग्रेस अन्य दलों के एवं निर्दलीय प्रत्याशियों एवं उनके समर्थकों द्वारा घर-घर पहुंचकर अपने पक्ष में मतदान करने की अपील मतदाताओं से की जा रही है। प्रत्याशियों द्वारा बकायदा चुनाव प्रचार सामग्री के साथ नकली ईवीएम मतपत्र के जरिए अपने क्रमांक के सामने नम्बर का उल्लेख कर ईवीएम मशीन में मतदान करने के लिए मतदाताओं से आग्रह किया जा रहा है। स्वयं प्रत्याशी एवं उनके समर्थक राष्ट्रीय मुद्दों पर चुनाव जीतने के बाद बड़ा परिवर्तन करने का आश्वासन मतदाताओं को दे रहे है। 23 को होने वाले चुनाव के बाद छत्तीसगढ़ की 11 सीटों से चुनाव लड़ रहे प्रत्याशियों की किस्मत ईवीएम मशीन में कैद हो जायेगी। 23 मई को मतगणना के दौरान ही यह सिध्द होगा की चुनाव प्रचार के दौरान आने वाली भीड़ किस प्रत्याशी को संसद भेजेगी।

आयुर्वेद के अनुसार इन 5 तरीकों से पाएं दर्द से राहत

अधिकांश लोगों ने शरीर के किसी न किसी हिस्से में कभी न कभी दर्द का सामना जरूर किया होता है। कई बार छोटे-मोटे दर्द में तुरंत डॉक्टर के पास जाना संभव नहीं हो पाता। ऐसी स्थिति के लिए हम आपको बता रहे हैं आयुर्वेद के अनुसार वे 5 तरीके, जो दर्द को कम करने में मदद करते हैं –
हींग – यह पेट दर्द के लिए अचूक दवा है। न केवल पेट दर्द, बल्कि गैस, बदहजमी और पेट फूलने की समस्या में भी इसका सेवन लाभकारी है। दर्द होने पर हींग का घोल पेट पर लगाना भी असरकारी होता है।
अदरक – गर्म प्रकृति होने के कारण यह सर्दी जनित दर्द में फायदेमंद है। सर्दी खांसी से उपजा दर्द या फिर सांस संबंधी तकलीफ, जोड़ों के दर्द, ऐंठन और सूजन में यह लाभकारी है।
ऐलोवेरा – जोड़ों के दर्द, चोट लगने, सूजन, घाव एवं त्वचा संबंधी समस्याओं से होने वाले दर्द में एलोवेरा का गूदा, हल्दी के साथ हल्का गर्म करके बांधने पर लाभ होता है।
सरसों – सरसों का तेल शारीरिक दर्द, घुटनों के दर्द, सर्दी जनित दर्द में बेहद लाभकारी है। सिर्फ इसकी मसाज करने से दर्द में आराम होता है और त्वचा में गर्माहट पैदा होती है।
लौंग – दांत व मसूड़ों के दर्द, सूजन आदि में लौंग काफी लाभदायक है। दर्द वाली जगह पर लौंग का पाउडर या लौंग के तेल में भीगा रूई का फोहा रखना बेहद असरकारक होगा।

चित्रकोट-इंद्रावती के लिए लोगों ने किया जल सत्याग्रह

जगदलपुर: विभिन्न सामाजिक संगठनों के द्वारा चित्रकोट-इंद्रावती को बचाने के लिए इंद्रावती नदी की क्षीण हो रही प्रवाह पर खड़े होकर प्रदर्शन किया और प्रशासन को इस संबंध में अवगत कराया । विश्व प्रसिद्ध चित्रकोट जलप्रपात से पानी का प्रवाह बंद हो जाने से लोगों को अहसास हुआ कि इंद्रावती नदी सूखने के कगार पर पहुंच गई है। ऐसी परिस्थिति कभी देखने का नहीं मिली थी जिसके बाद जंगल में आग की तरह चित्रकोट- इंद्रावती नदी की दुर्दशा को लेकर सोशल मीडिय़ा में खबर के फैलते ही सामाजिक संगठन सक्रिय हो गया और चित्रकोट-इंद्रावती को बचाने के लिए जल सत्याग्रह का प्रदर्शन करने लगे। शासन-प्रशासन भी इंद्रावती के दूर्दशा को छिपाने-ढाकने के लिए आनन-फानन में एनीकट के दरवाजे खुलवा दिये और कोसारटेडा से चित्रकोट-इंद्रावती नदी की सामान्य स्थिति को दर्शाने का असफल प्रयास किया गया है। यह प्रयास किसानों एवं स्थानीय लोगों के लिए संग्रहित स्टाफ डेम के पानी और कोसारटेडा के पानी का दुरूपयोग है। साथ ही लोगों के लिए आने वाले दिनों में जल संकट का सबक भी बन सकता है। प्रशासन की यह कार्यवाही मूर्खतापूर्ण कही जा सकती है। एनीकट और कोसारटेडा से चित्रकोट जलप्रपात को दिखावे के लिए पुर्नजीवित करने का यह प्रयास कभी भी सफल नहीं हो सकता। इसके लिए छत्तीसगढ़ शासन को ओडि़शा सरकार से इंद्रावती के अपने हिस्से का पानी जब तक प्राप्त नहीं होगा तब तक चित्रकोट-इंद्रावती नदी को बचाना संभव ही नहीं है।
मेरी इंद्रावती मेरा भविष्य मुहिम के तहत शहर के हृदय स्थल सिरहासार चौंक में हजारों लोगों में हस्ताक्षर अभियान चलाकर ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को भेजे जाने की मुहिम जारी है।